पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलदेव राज चावला द्वारा लिखित पुस्तक ‘एकु पिता-एकस के हम बारिक’ का हुआ विमोचन

पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलदेव राज चावला द्वारा लिखित पुस्तक ‘एकु पिता-एकस के हम बारिक’ का हुआ विमोचन

अमृतसर, ( राहुल सोनी  ) भारतीय जनता पार्टी के जिला कार्यालय शहीद हरबंस लाल खन्ना स्मारक  में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सह प्रान्त संघचालक डॉ. रजनीश अरोड़ा की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम के दौरान पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलदेव राज चावला द्वारा लिखित पुस्तक ‘एकु पिता-एकस के हम बारिक’ का विमोचन मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के उत्तर क्षेत्रीय प्रचारक प्रमुख माननीय रामेश्वर द्वारा किया गया। इस अवसर पर उनके साथ मंच पर उनके साथ मुख्य वक्ता के रूप में केन्द्रीय विश्व-विद्यालय हिमाचल प्रदेश के कुलपति प्रो. हरमोहेंदर सिंह बेदी व मंच संचालक के रूप में भारतीय जनता पार्टी अमृतसर के अध्यक्ष सुरेश महाजन उपस्थित थे।
         
 
रामेश्वर ने उपस्थित लोगों को अपने संबोधन में कहाकि डॉ. चावला द्वारा लिखित पुस्तक ‘एकु पिता-एकस के हम बारिक’ पंजाब के पुरातन इतिहास पर आधारित है। डॉ. चावला ने इस पुस्तक में हमारे समाज की हिन्दू-सिख एकता का 800 वर्ष पुरातन इतिहास संजोया है। उन्होंने अपनी किताब के माध्यम से हमारे गुरुओं की यात्राओं तथा उनके द्वारा लड़े गए धर्म-युद्धों तथा दी गई कुर्बानियों के बारे में जानकारी दी गई है। डॉ. चावला द्वारा लिखी गई यह पुस्तक हिंदी में है, क्यूंकि हमारी राष्ट्रीय भाषा हिंदी है और देश की करीब 70 प्रतिशत जनसंख्या हिंदी बोल और पढ़ लेती है। पंजाब के 800 वर्ष के पुरातन इतिहास के बारे में इस किताब में हिंदी में प्रकाशित जानकारी को भारत के अन्य हिस्सों में रहने वाले लोगों आसानी से पढ़ कर पंजाब के इतिहास के बारे में जान पाएंगें। उन्होंने डॉ. चावला को इस किताब के प्रकाशन के लिए शुभकामनाए दीं।
         
 
प्रमुख वक्ता प्रो. हरमोहेंदर सिंह बेदी ने अपने संबोधन में पंजाब के स्वर्णिम इतिहास तथा श्री गुरु ग्रन्थ साहिब जी की बाणी से उपस्थित सभी को रु-ब-रु करवाते हुए कहा कि डॉ. चावला द्वारा लिखित यह पुस्तक पंजाब के 800 वर्ष के स्वर्णिम इतिहास की संक्षिप्त जानकारी है। इसमें प्रथम गुरु श्री गुरु नानक देव जी से लेकर अंतिम गुरु सर्वस्वदानी श्री गुरु गोबिंद सिंह जी के जीवन-चरित्र तथा उनके द्वारा हिन्दू-सिख एकता के लिए लड़ी गई लड़ाइयों का वर्णन है। उन्होंने कहाकि आज समाज को गुरुओं के दर्शाए मार्ग पर चलने की आवश्यकता है। उन्होंने डॉ. चावला को इस किताब के लिए बधाई दी और सभी को गुरुओं द्वारा दर्शाए मार्ग पर चलने का आह्वान किया।
         
 
डॉ. बलदेव राज चावला ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि इस किताब का प्रकाशन जीवन सिंह चतर सिंह प्रकाशन द्वारा किया गया है और इसका 128 पेज हैं। इस किताब में हिन्दू-सिख एकता के प्रतीक श्री गुरु नानक देव जी से लेकर श्री गुरु गोबिंद सिंह जी तक का इतिहास सृजित किया गया है। उनकी यात्राओं के बारे में संक्षिप्त जानकारी के साथ-साथ उनके द्वारा किए धर्म-प्रचार के बारे में बताया गया है। इस किताब में हिन्द की चादर के नाम से मशहूर श्री गुरु तेग बाहदुर साहिब जी द्वारा मुगलों से बचाने के लिए लड़े धर्म-युद्ध के बारे में जानकारी दी गई है। उन्होंने कहाकि उनके द्वारा और भी पुस्तक लिखी जा रही है।
         
 
इस अवसर पर आर.एस.एस. के महानगर कार्यवाह कंवल कपूर, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष राकेश गिल, राजेश हनी, रीना जेटली, सतपाल महाजन, राजिंदर मोहन सिंह छीना, अनुज सिक्का, जिला महामंत्री राजेश कंधारी, सुखमिंदर सिंह पिंटू, मानव तनेजा, डॉ. राम चावला, सतपाल डोगरा आदि उपस्थित थे।