स्वास्थ्य विभाग के इंटीग्रेटिड ऑनलाइन पोर्टल से आएगी काम में पारदर्शिता: आरती सिंह राव

हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं के प्रशासन में पारदर्शिता और तकनीक के प्रभावी उपयोग की दिशा में एक बड़ा कदम उठाने जा रही है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी कल 28 जनवरी को स्वास्थ्य पेशेवरों के लिए इंटीग्रेटिड ऑनलाइन पोर्टल का शुभारंभ करेंगे।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि यह पोर्टल पारदर्शी, तकनीक-आधारित और नागरिक-केंद्रित शासन के प्रति हरियाणा सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ समाज की सेवा करते हैं और सरकार का दायित्व है कि प्रशासनिक प्रक्रियाएं उनके काम को आसान बनाएं, न कि उनका समय और ऊर्जा नष्ट करें।

आरती सिंह राव ने बताया कि यह पोर्टल चरणबद्ध और समावेशी तरीके से लागू किया जाएगा। पहले चरण में, 28 जनवरी 2026 से यह पोर्टल मेडिकल, डेंटल, फार्मेसी, आयुष और होम्योपैथी से जुड़े पेशेवरों के लिए उपलब्ध होगा। अगले चरण में इसे नर्सिंग और फिजियोथेरेपी पेशेवरों तक विस्तारित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य हरियाणा के सभी स्वास्थ्य पेशेवरों के लिए एक एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार करना है।

स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि इस पोर्टल के माध्यम से पूरी तरह पेपरलेस प्रणाली लागू की जा रही है। भारतीय चिकित्सा स्नातकों को अब दस्तावेज़ डाक द्वारा भेजने की आवश्यकता नहीं होगी। सभी आवेदन और सत्यापन की प्रक्रिया ऑनलाइन होगी, जिससे डाक में देरी, दस्तावेज़ खोने का खतरा, बार-बार फॉलोअप और अनावश्यक कार्यालय दौरों से राहत मिलेगी। यह व्यवस्था विशेष रूप से युवा डॉक्टरों के लिए लाभकारी होगी।

उन्होंने बताया कि इस पोर्टल के माध्यम से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC), गुड स्टैंडिंग सर्टिफिकेट और पंजीकरण प्रमाण पत्र जैसे नियामक दस्तावेज़ अब डिजिटल रूप से जारी किए जाएंगे। ये प्रमाण पत्र आवेदक के पंजीकृत ई-मेल पर सीधे भेजे जाएंगे और तुरंत डाउनलोड किए जा सकेंगे।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि पोर्टल से जारी सभी प्रमाण पत्रों को डिजीलॉकर से भी जोड़ा जाएगा, जिससे सुरक्षित डिजिटल भंडारण, प्रमाणिकता और विभिन्न संस्थानों में आसान उपयोग संभव होगा तथा बार-बार दस्तावेज़ अपलोड करने या भौतिक प्रतियों की आवश्यकता समाप्त हो जाएगी।

उन्होंने यह भी बताया कि निकट भविष्य में इस पोर्टल का मोबाइल ऐप भी लॉन्च किया जाएगा, जिससे डॉक्टर और स्वास्थ्य पेशेवर कभी भी और कहीं से भी सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे।

भविष्य की योजनाओं पर प्रकाश डालते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि सरकार इस पोर्टल को एआई-सक्षम प्रणाली के रूप में विकसित करने की योजना बना रही है। इसके अंतर्गत एआई आधारित चैटबॉट के माध्यम से सामान्य समस्याओं का समाधान और त्वरित मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा।

आरती सिंह राव ने कहा कि यह पहल पेपरलेस, पारदर्शी, सुरक्षित, कुशल और डॉक्टर-केंद्रित शासन का एक आधुनिक मॉडल है, जो डिजिटल इंडिया और ईज़ ऑफ डूइंग प्रोफेशनल वर्क की सोच के अनुरूप है।

उन्होंने प्रदेश के डॉक्टरों और स्वास्थ्य पेशेवरों को आश्वस्त किया कि यह प्लेटफॉर्म उनकी सुविधा और हित को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है और उनके सुझावों के आधार पर इसमें निरंतर सुधार किया जाएगा।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि यह पहल हरियाणा में स्वास्थ्य प्रशासन के एक नए अध्याय की शुरुआत है, जहां तकनीक प्रक्रियाओं को सरल बनाएगी और शासन अधिक उत्तरदायी होगा।