संगठन विस्तार के साथ सियासी हमले तेज, विक्रमादित्य सिंह ने छात्र आंदोलन पर केंद्र सरकार को घेरा; बागवानों के लिए 400 करोड़ रुपये से अधिक की सड़क परियोजनाओं को मिली मंजूरी

हिमाचल प्रदेश के लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने एक ओर कांग्रेस संगठन के विस्तार को पार्टी की बढ़ती स्वीकार्यता का संकेत बताया, वहीं दूसरी ओर छात्र आंदोलनों पर केंद्र सरकार की कार्रवाई को लेकर भाजपा पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। इसके साथ ही उन्होंने प्रदेश के बागवानों और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए बड़ी राहत देते हुए लगभग 400 करोड़ रुपये से अधिक की सड़क परियोजनाओं को मंजूरी मिलने की जानकारी भी साझा की।

प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र के 70 से अधिक लोगों ने कांग्रेस पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। इस अवसर पर उनका स्वागत करते हुए विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि प्रदेश में “संगठन सृजन विस्तार अभियान” के तहत लगातार नए लोगों को कांग्रेस की विचारधारा से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस केवल एक राजनीतिक दल नहीं बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों, सामाजिक न्याय और विकास की विचारधारा का प्रतिनिधित्व करती है।

उन्होंने कहा कि शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस का जनाधार लगातार मजबूत हो रहा है और विभिन्न वर्गों के लोग पार्टी की नीतियों से प्रभावित होकर संगठन से जुड़ रहे हैं। उनके अनुसार, संगठन की मजबूती ही लोकतांत्रिक व्यवस्था को सशक्त बनाने का आधार है।

कार्यक्रम के दौरान विक्रमादित्य सिंह ने देश में चल रहे छात्र आंदोलनों और कथित पेपर लीक मामलों को लेकर केंद्र सरकार पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रही अनियमितताओं ने लाखों युवाओं के भविष्य को प्रभावित किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब छात्र अपने अधिकारों और भविष्य की सुरक्षा की मांग को लेकर सड़कों पर उतरे तो उनके साथ कठोर व्यवहार किया गया।

उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में युवाओं की आवाज़ को दबाने के बजाय उनकी बात सुनी जानी चाहिए। उनका कहना था कि छात्रों पर बल प्रयोग और कठोर कार्रवाई लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे युवाओं और छात्रों के मुद्दों को मजबूती से जनता के बीच उठाएं और अन्याय के खिलाफ लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष करें।

इस अवसर पर शिमला ग्रामीण जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष हरिकृष्ण हिमराल ने कहा कि विक्रमादित्य सिंह के नेतृत्व में शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र विकास के नए मॉडल के रूप में उभर रहा है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में कांग्रेस का संगठन लगातार मजबूत हो रहा है, जो जनता के बढ़ते विश्वास का प्रमाण है।

बाद में पत्रकारों से बातचीत करते हुए लोक निर्माण मंत्री ने प्रदेश के सड़क नेटवर्क को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार के साथ लगातार संवाद और प्रयासों के बाद छैला–सैंज–यशवंतनगर–राजगढ़ सड़क के उन्नयन के लिए लगभग 290 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिल गई है।

उन्होंने कहा कि यह सड़क कोटखाई, जुब्बल, रोहड़ू और आसपास के प्रमुख बागवानी क्षेत्रों की जीवनरेखा है। प्रदेश के सेब और अन्य बागवानी उत्पादों का बड़ा हिस्सा इसी मार्ग से देशभर की मंडियों तक पहुंचता है। सड़क के उन्नयन से न केवल परिवहन व्यवस्था बेहतर होगी बल्कि किसानों और बागवानों को भी सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा।

विक्रमादित्य सिंह ने बताया कि विभाग को सभी प्रशासनिक औपचारिकताएं शीघ्र पूरी करने और टेंडर प्रक्रिया जल्द शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि मानसून के बाद निर्माण कार्य तेजी से आरंभ किया जा सके। उन्होंने कहा कि इस परियोजना का लाभ चार से पांच विधानसभा क्षेत्रों के हजारों लोगों को मिलेगा।

उन्होंने इस स्वीकृति के लिए केंद्रीय मंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर, विधायक कुलदीप सिंह राठौर और अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी इस परियोजना को मंजूरी दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

लोक निर्माण मंत्री ने बताया कि बिरादरी क्षेत्र की सड़क परियोजना के लिए लगभग 60 करोड़ रुपये की मंजूरी मिली है। इसके अतिरिक्त पहले छूट चुके लगभग 16 किलोमीटर लंबे सड़क खंड के निर्माण के लिए भी करीब 50 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं पर भी शीघ्र कार्य शुरू किया जाएगा।

प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश और भूस्खलन के कारण सड़क संपर्क प्रभावित होने के बीच उन्होंने कहा कि सरकार युद्धस्तर पर सड़क बहाली अभियान चला रही है। उनका कहना था कि किसानों और बागवानों की उपज समय पर मंडियों तक पहुंचे, इसके लिए विभाग पूरी क्षमता के साथ कार्य कर रहा है।

उन्होंने जानकारी दी कि वर्तमान में लोक निर्माण विभाग की 129 जेसीबी मशीनें लगातार कार्य कर रही हैं, जबकि 270 अतिरिक्त मशीनें किराये पर लगाई गई हैं। अन्य उपकरणों को मिलाकर प्रदेशभर में लगभग 560 मशीनें सड़क बहाली के कार्य में लगी हुई हैं।

विक्रमादित्य सिंह ने बताया कि बंद सड़कों की निगरानी के लिए ऑनलाइन डैशबोर्ड तैयार किया गया है, जिसके माध्यम से प्रत्येक मार्ग की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि अधिकतर सड़कों को 24 घंटे के भीतर यातायात के लिए बहाल किया जाए।

उन्होंने कहा कि मौसम की कठिन परिस्थितियों के बावजूद सरकार का प्रयास है कि किसी भी किसान या बागवान की फसल केवल सड़क बंद होने के कारण खराब न हो। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सड़क संपर्क बहाल करने और ग्रामीण क्षेत्रों को राहत पहुंचाने के लिए विभाग पूरी गंभीरता और तत्परता के साथ कार्य कर रहा है।

प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश कांग्रेस के उपाध्यक्ष अमित नंदा, विनीत गौतम, चंद्रशेखर शर्मा, जितेंद्र ठाकुर, यशपाल तनाइक, जिला कांग्रेस के पदाधिकारी, किसान कांग्रेस के प्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता उपस्थित रहे।