लुधियाना महानगर में गुरुवार सुबह हुआ एक भीषण सड़क हादसा कई परिवारों के लिए कभी न भूलने वाला दर्द छोड़ गया। बीआरएस नगर के जोन-डी कट के पास तेज रफ्तार से दौड़ रही एक थार गाड़ी अचानक अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। टक्कर इतनी भयावह थी कि गाड़ी का अगला हिस्सा पूरी तरह चकनाचूर हो गया। हादसे में वाहन चला रहे एक कॉलेज छात्र की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसके चार दोस्त गंभीर रूप से घायल हो गए। सुबह की नियमित जिम रूटीन पर निकले पांच दोस्तों के लिए यह सफर जिंदगी का सबसे दर्दनाक मोड़ बन गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार हादसा सुबह करीब सात बजे हुआ। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि वाहन अत्यधिक तेज गति में था और अचानक चालक का नियंत्रण बिगड़ने के बाद गाड़ी सीधे डिवाइडर से जा टकराई। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि टक्कर की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के लोग तुरंत घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े। दुर्घटना के बाद गाड़ी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी थी और अंदर बैठे युवक फंसे हुए थे।
मृतक की पहचान आर्यन वीर सिंह के रूप में हुई है, जो उस समय वाहन चला रहा था। पुलिस के अनुसार टक्कर इतनी गंभीर थी कि उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद गाड़ी में मौजूद उसके चारों दोस्त गंभीर रूप से घायल अवस्था में पाए गए। स्थानीय लोगों और पुलिस कर्मियों ने मिलकर कड़ी मशक्कत के बाद घायलों को वाहन से बाहर निकाला और तत्काल निजी अस्पताल पहुंचाया।
अस्पताल सूत्रों के मुताबिक घायलों में एक युवक के सिर में गंभीर चोटें आई हैं, जबकि दूसरे युवक की बाजू बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुई है। दो अन्य युवकों की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है, हालांकि चिकित्सक लगातार निगरानी बनाए हुए हैं। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा।
जांच अधिकारियों के अनुसार पांचों युवक करीबी मित्र थे और रोजाना सुबह एक साथ जिम जाते थे। गुरुवार सुबह भी वे सामान्य दिन की तरह घर से निकले थे। रास्ते में उन्होंने एक दुकान पर रुककर नाश्ता किया और इसके बाद वापस लौटते समय यह दर्दनाक हादसा हो गया। कुछ ही मिनटों में सामान्य सुबह का यह सफर त्रासदी में बदल गया।
पुलिस अधिकारी दविंदर सिंह ने बताया कि हादसे के कारणों की विस्तृत जांच की जा रही है। शुरुआती तौर पर तेज रफ्तार को दुर्घटना की मुख्य वजह माना जा रहा है, हालांकि वाहन की तकनीकी स्थिति और अन्य पहलुओं की भी जांच की जाएगी। मृतक छात्र के शव को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया गया है।
हादसे के बाद मृतक के घर में शोक और सन्नाटा पसरा हुआ है। परिवार के सदस्यों और रिश्तेदारों का रो-रोकर बुरा हाल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ ही पलों की लापरवाही ने एक युवा जिंदगी छीन ली और कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया।
लुधियाना सहित पंजाब के बड़े शहरों में हाल के वर्षों में तेज रफ्तार और लापरवाह ड्राइविंग से जुड़े हादसों में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि युवाओं के बीच हाई-स्पीड ड्राइविंग का बढ़ता आकर्षण गंभीर चिंता का विषय बनता जा रहा है। सड़क सुरक्षा विशेषज्ञ बार-बार चेतावनी देते रहे हैं कि आधुनिक और शक्तिशाली वाहनों के साथ जिम्मेदार ड्राइविंग उतनी ही आवश्यक है, क्योंकि एक छोटी सी चूक भी जीवन और मौत के बीच की दूरी तय कर सकती है।
गुरुवार सुबह लुधियाना में हुआ यह हादसा केवल एक सड़क दुर्घटना नहीं, बल्कि उस कठोर सच्चाई की याद दिलाता है कि तेज रफ्तार का रोमांच कई बार जिंदगी की सबसे बड़ी त्रासदी बन जाता है।





