हमीरपुर के विकास को नई रफ्तार: सीएम सुक्खू की अगुवाई में शॉपिंग मॉल, शहरी सुविधाएं और जनसेवाओं का विस्तार

हमीरपुर, 6 फरवरी — मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में हमीरपुर जिला शहरी विकास, आधारभूत ढांचे और जनसुविधाओं के क्षेत्र में एक नए परिवर्तन के दौर में प्रवेश कर रहा है। अपने गृह जिले के प्रति विशेष ध्यान देते हुए मुख्यमंत्री न केवल हमीरपुर को नगर निगम का दर्जा दिला चुके हैं, बल्कि अब इसे एक आधुनिक, सुव्यवस्थित और सुविधाजनक शहरी केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।

इसी कड़ी में हमीरपुर शहर के लोगों को एक और बड़ी सौगात मिलने जा रही है। लगभग 125 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन अत्याधुनिक नए बस स्टैंड के पूरा होने के बाद, शहर के वर्तमान बस स्टैंड स्थल को एक भव्य बहुमंजिला शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में तब्दील किया जाएगा। मुख्यमंत्री के स्पष्ट निर्देशों के अनुरूप नगर निगम हमीरपुर इस महत्वाकांक्षी परियोजना का विस्तृत खाका तैयार कर रहा है। प्रस्तावित शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में आधुनिक शॉपिंग मॉल, ऑडिटोरियम, पर्याप्त पार्किंग सुविधा और अन्य नागरिक सुविधाओं का प्रावधान किया जाएगा, जिससे यह क्षेत्र हमीरपुर का प्रमुख सिटी सेंटर बन सके।

नगर निगम आयुक्त राकेश शर्मा के अनुसार, लगभग 50 करोड़ रुपये की इस योजना को शहरवासियों, व्यापारियों और बाहर से आने वाले लोगों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए तैयार किया जा रहा है। नए बस स्टैंड के निर्माण के पूर्ण होते ही वर्तमान बस स्टैंड की भूमि शहरी विकास विभाग को हस्तांतरित की जाएगी और तत्पश्चात इस बहुमंजिला कॉम्प्लेक्स का निर्माण कार्य आरंभ होगा। यह परियोजना न केवल शहर की आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देगी, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी सृजित करेगी।

मुख्यमंत्री सुक्खू के विकास एजेंडे का असर जिले के अन्य क्षेत्रों में भी साफ दिखाई दे रहा है। भोरंज उपमंडल मुख्यालय को नगर पंचायत का दर्जा दिए जाने के बाद प्रदेश सरकार ने इसके शहरीकरण के लिए 1.06 करोड़ रुपये की पहली किश्त जारी कर दी है। विधायक सुरेश कुमार ने बताया कि इस राशि से पक्के रास्तों का निर्माण, स्ट्रीट लाइट्स, शौचालय, कूड़ा निस्तारण संयंत्र जैसे कार्य किए जाएंगे। भोरंज में नगर पंचायत कार्यालय, टाउन हॉल, वरिष्ठ नागरिक केंद्र, रिक्रिएशन सेंटर और इंडोर स्टेडियम जैसी सुविधाओं की भी योजना है। खेल मैदान का निर्माण कार्य प्रगति पर है, जिससे क्षेत्र के युवाओं को खेल सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

वहीं जनसुविधाओं को सुचारू बनाए रखने के उद्देश्य से विद्युत उपमंडल-1 हमीरपुर के उपभोक्ताओं को 7 फरवरी तक बिजली बिल जमा करवाने की अंतिम तिथि निर्धारित की गई है। सहायक अभियंता सुनील कुमार ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित तिथि तक भुगतान न करने पर बिना पूर्व सूचना के बिजली कनेक्शन काट दिए जाएंगे। विभाग ने उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील करते हुए ऑनलाइन और काउंटर दोनों माध्यमों से समय पर भुगतान करने को कहा है।

जिले में आर्थिक सशक्तिकरण और युवाओं को स्वरोजगार की ओर प्रेरित करने के प्रयास भी तेज किए जा रहे हैं। बड़सर के आईटीआई बणी में पंजाब नेशनल बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान द्वारा आयोजित वित्तीय साक्षरता शिविर में प्रशिक्षणार्थियों को मुद्रा लोन, पीएमईजीपी, शिक्षा ऋण, डॉ. वाईएस परमार विद्यार्थी ऋण योजना सहित विभिन्न बैंकिंग और बीमा योजनाओं की जानकारी दी गई। इस अवसर पर डिजिटल बैंकिंग और उपभोक्ता अधिकारों पर भी विस्तार से चर्चा की गई, जिससे युवाओं को आत्मनिर्भर बनने में मदद मिल सके।

न्यायिक क्षेत्र में भी आम जनता को राहत पहुंचाने के प्रयास जारी हैं। अदालतों में लंबित मामलों के शीघ्र निपटारे के लिए ‘मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0’ अभियान के तहत 31 मार्च तक आवेदन किए जा सकते हैं। जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण के सचिव कुलदीप शर्मा ने बताया कि मध्यस्थता, सुलह और आपसी सहमति से मामलों का निपटारा होने से समय और धन की बचत होती है और पक्षकारों के बीच सौहार्द भी बना रहता है। वैवाहिक विवाद, चेक बाउंस, दुर्घटना, बीमा और अन्य कई मामलों को इस प्रक्रिया के तहत निपटाया जा सकता है।

कुल मिलाकर, मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में हमीरपुर जिला शहरी विकास, आर्थिक गतिविधियों, जनसुविधाओं और न्यायिक सुधारों के एक समन्वित मॉडल के रूप में उभर रहा है। शॉपिंग कॉम्प्लेक्स जैसी बड़ी परियोजनाओं से लेकर नगर पंचायतों के सशक्तिकरण, वित्तीय साक्षरता और त्वरित न्याय तक, सरकार का फोकस साफ है—जनता के जीवन स्तर को बेहतर बनाना और हमीरपुर को विकास के नए मानचित्र पर स्थापित करना।