मतदाता सूची पुनरीक्षण में लापरवाही पर करनाल प्रशासन सख्त, 12 बीएलओ निलंबित

हरियाणा में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) अभियान के बीच करनाल प्रशासन ने निर्वाचन कार्य में लापरवाही बरतने वाले 12 बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। जिला प्रशासन ने करनाल विधानसभा क्षेत्र के नौ तथा घरौंडा विधानसभा क्षेत्र के तीन बीएलओ को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। प्रशासन का कहना है कि निर्वाचन जैसे संवेदनशील कार्य में किसी भी स्तर पर ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी।

इस संबंध में जानकारी देते हुए करनाल के सिटी मजिस्ट्रेट सुरेश ने बताया कि संबंधित अधिकारियों द्वारा विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के दौरान निर्धारित दायित्वों का संतोषजनक ढंग से निर्वहन नहीं किया गया। समीक्षा के दौरान यह पाया गया कि कई बीएलओ की कार्य प्रगति निर्धारित लक्ष्य से काफी पीछे थी। बार-बार निर्देश और चेतावनी दिए जाने के बावजूद अपेक्षित सुधार नहीं हुआ, जिसके बाद प्रशासन ने अनुशासनात्मक कार्रवाई का निर्णय लिया।

उन्होंने कहा कि मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण निर्वाचन प्रक्रिया की सबसे महत्वपूर्ण कड़ियों में से एक है। लोकतांत्रिक व्यवस्था की निष्पक्षता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए मतदाता सूची का सही और अद्यतन होना अत्यंत आवश्यक है। ऐसे में इस कार्य में लापरवाही, उदासीनता या अनियमितता को किसी भी परिस्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता।

सिटी मजिस्ट्रेट ने बताया कि पुनरीक्षण अभियान के प्रत्येक चरण के लिए स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं। बीएलओ के साथ-साथ सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों (एआरओ) की भी नियमित रूप से प्रगति की समीक्षा की जा रही है। उन्होंने कहा कि अभियान की समय-सीमा सीमित है, जबकि कार्य का दायरा व्यापक है। इसलिए सभी संबंधित अधिकारियों को तय समय के भीतर अपने दायित्वों का निर्वहन करना अनिवार्य है।

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि निलंबित किए गए अधिकारियों को कार्रवाई से पहले चेतावनी दी गई थी। समीक्षा बैठकों में उन्हें कार्य की धीमी गति पर ध्यान दिलाया गया और प्रगति में सुधार करने के निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद अपेक्षित परिणाम सामने नहीं आए, जिसके चलते प्रशासन को सख्त कदम उठाना पड़ा।

प्रशासन के अनुसार, विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान का पहला चरण निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आगे बढ़ रहा है। अब तक लगभग 99 प्रतिशत मतदाताओं तक संबंधित प्रपत्र पहुंचाए जा चुके हैं। आगामी चरण में इन प्रपत्रों का सत्यापन, आवश्यक संशोधन तथा मतदाता सूची को अद्यतन करने की प्रक्रिया तेज़ी से आगे बढ़ाई जाएगी।

चुनावी तैयारियों के बीच करनाल प्रशासन की यह कार्रवाई स्पष्ट संकेत देती है कि निर्वाचन संबंधी जिम्मेदारियों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के प्रति ‘शून्य सहिष्णुता’ की नीति अपनाई जा रही है। प्रशासन का कहना है कि अभियान को समयबद्ध और त्रुटिरहित ढंग से पूरा करने के लिए सभी संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी।

मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान को आगामी चुनावी प्रक्रिया की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ऐसे में प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रत्येक पात्र मतदाता का नाम सूची में सही रूप से दर्ज हो और पूरी प्रक्रिया पारदर्शी, निष्पक्ष तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरी की जाए।

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