वायनाड भूस्खलन में जान गंवाने वाले मंडी के इंजीनियर राहुल शर्मा का पोस्टमार्टम पूरा, पार्थिव शरीर हिमाचल के लिए रवाना

केरल के वायनाड जिले में निर्माणाधीन ट्विन-टनल परियोजना के दौरान हुए भीषण भूस्खलन में जान गंवाने वाले हिमाचल प्रदेश के मंडी निवासी साइट इंजीनियर राहुल शर्मा का गुरुवार को पोस्टमार्टम कर दिया गया। कानूनी और प्रशासनिक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद उनका पार्थिव शरीर सड़क मार्ग से हिमाचल प्रदेश के लिए रवाना किया जाएगा। परिजनों के अनुसार, शुक्रवार तक उनके पैतृक गांव विकासनगर (ढोह), रिवालसर पहुंचने की संभावना है।

राहुल शर्मा की असमय मृत्यु ने न केवल उनके परिवार, बल्कि पूरे रिवालसर क्षेत्र को गहरे शोक में डुबो दिया है। परियोजना स्थल पर हुई इस दुर्घटना ने एक युवा इंजीनियर के जीवन को असमय समाप्त कर दिया, जिससे स्थानीय लोगों में भी गहरा दुख और संवेदना का माहौल है।

राहुल के पिता रूप देव शर्मा के साथ वायनाड पहुंचे उनके मामा रामवीर ने बताया कि पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है और अब संबंधित विभागों द्वारा आवश्यक दस्तावेजी औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं। इन प्रक्रियाओं के पूर्ण होने के बाद पार्थिव शरीर को सड़क मार्ग से मंडी के लिए रवाना किया जाएगा।

उन्होंने बताया कि परिवार लगातार स्थानीय प्रशासन और संबंधित एजेंसियों के संपर्क में है ताकि पार्थिव शरीर को जल्द से जल्द उनके पैतृक गांव पहुंचाया जा सके और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया संपन्न हो सके।

राहुल शर्मा के निधन की खबर मिलते ही मंडी जिले के रिवालसर क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। गांव और आसपास के क्षेत्रों में लोगों ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। परिजनों के अनुसार, राहुल के पिता रूप देव शर्मा, उनके भाई रोहित तथा अन्य पारिवारिक सदस्य इस समय वायनाड में मौजूद हैं। उनकी पत्नी भी केरल पहुंच चुकी हैं और परिवार के साथ हैं।

राहुल शर्मा निर्माणाधीन ट्विन-टनल परियोजना में साइट इंजीनियर के रूप में कार्यरत थे। परियोजना स्थल पर हुए अचानक भूस्खलन ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया, जिसके चलते उनकी जान चली गई। इस हादसे ने एक बार फिर बड़े निर्माण कार्यों के दौरान सुरक्षा प्रबंधन और प्राकृतिक आपदाओं से जुड़े जोखिमों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

हिमाचल प्रदेश में राहुल शर्मा के अंतिम दर्शन के लिए परिजनों, रिश्तेदारों और स्थानीय लोगों के बड़ी संख्या में पहुंचने की संभावना है। उनके निधन से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है, वहीं क्षेत्र के लोग एक प्रतिभाशाली युवा इंजीनियर की असामयिक मृत्यु को राज्य के लिए भी बड़ी क्षति मान रहे हैं।